रामनवमी  का पर्व हिन्दू धर्म का महत्वपूर्ण त्योहार है। इस धार्मिक त्योहार को भगवान श्रीराम के जन्मोत्सव के रूप में मनाया जाता है। धार्मिक शास्त्रों के अनुसार, भगवान श्रीराम का जन्म त्रेतायुग में चैत्र शुक्ल पक्ष की नवमी तिथि को हुआ था और इस वर्ष यह तिथि 2 अप्रैल को पड़ी है। रामनवमी के दिन भगवान श्रीराम के मंत्रों के जाप से भक्त उनकी आराधना करते हैं। हिन्दू धार्मिक शास्त्रों में भगवान श्रीराम के सिद्ध मंत्र दिए गये हैं और इन मंत्रों को जपने की सही विधि भी बताई गयी है। आइए जानते हैं मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के सिद्ध मंत्र कौन-कौन से हैं और उनको जपने के लाभ क्या है?

1- 'राम'
राम नाम स्वयं ही एक बड़ा मंत्र है। दरअसल, भगवान श्रीराम का नाम अपने आप में एक सिद्ध मंत्र है। राम नवमी के दिन जो भक्त राम का नाम 108 बार जपता है उसकी सारी मनोकामनाएं पूर्ण हो जाती हैं।

2- 'रां रामाय नम:'
भगवान श्रीराम का यह मंत्र बेहद ही प्रभावशाली होता है। इस मंत्र को श्रीराम पूजा में 108 बार जपें। इस मंत्र को सच्चे मन से जपने से भक्तगणों की सारी विपदाएं नष्ट हो जाती हैं। आरोग्य जीवन के लिए भी यह राम मंत्र कारगर है।

3- 'ॐ रामचंद्राय नम:'
रामनवमी के दिन भगवान श्रीराम के इस मंत्र को जपने से घर के सारे संकट दूर हो जाते हैं। घर में सुख-समृद्धि का वास होता है। घर की शांति के लिए इस मंत्र को 108 बार श्रीराम की पूजा के समय जरुर जपें।

4- 'ॐ रामभद्राय नम:'
भगवान श्रीराम के मंत्रों में सब प्रकार के दुखों को हरने की शक्ति होती है। सच्ची श्रद्धा के साथ श्रीराम के इस सिद्ध मंत्र का 108 बार जाप करें। आपके कार्य में आ रही सारी बाधाएं दूर हो जाएंगी।

5- 'ॐ जानकी वल्लभाय स्वाहा'
रामनवमी के दिन माता जानकी का स्मरण अवश्य ही करना चाहिए। श्रीराम एवं उनकी अर्धांगनी माता सीता से जुड़े इस मंत्र के जाप से मनोकामना पूर्ति होती है। पूजा के समय इसे 108 बार जपें।

6- 'ॐ नमो भगवते रामचंद्राय'
भगवान श्रीराम का जीवन संपूर्ण मानव जाति के लिए एक आदर्श है। इसलिए राम नवमी के दिन आप श्रीराम से जुड़ा यह मंत्र 108 बार जपें। इस मंत्र के जाप से आपके सारे कष्ट दूर हो जाएंगे।

7- 'श्रीराम जय राम, जय-जय राम'
भगवान राम से जुड़ा यह मंत्र लोकप्रिय तो है ही साथ में यह मंत्र बेहद असरदार भी है। यह मंत्र आपके जीवन में सकारात्मक ऊर्जा को भर देगा। भगवान राम की पूजा में इस मंत्र का जाप 108 बार करें।

8 - 'ॐ दशरथाय विद्महे सीता वल्लभाय धीमहि तन्नो श्रीराम: प्रचोदयात्।
यह श्रीराम गायत्री मंत्र है। शास्त्रों में ऐसा लिखा गया है कि इसके जप से व्यक्ति के सारे संकट दूर हो जाते हैं। उसके जीवन में सुख-समृद्धि का आगमन होता है।

9- 'ॐ रामाय धनुष्पाणये स्वाहा:'
भगवान श्रीराम का यह सिद्ध मंत्र आपको कानूनी कार्यों, मुकदमों में जीत दिलाता है। अगर आप किसी कानूनी केस का सामना कर रहे हैं तो रामनवमी के दिन यह मंत्र श्रीराम पूजा के दौरान 108 बार जपें।

10- इसके साथ ही श्रीराम रक्षास्तोत्र, सुंदरकांड, हनुमान चालीसा, बजरंग बाण आदि का पाठ भी राम नवमी के दिन करना चाहिए। इनके पाठ से कई प्रकार के लाभ होते हैं और व्यक्ति के भाग्य खुल जाते हैं।